You and Me

दुनियां की ठोकरें, अपनों के दिए ग़म,
सबकुछ बर्दाश्त कर लेते हैं हम,
नहीं सह पाते हैं तो वो है,
एक तेरे आने की ख़ुशी,
एक तेरे जाने  का ग़म.

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